वर्ष 2020

 वर्ष 2020 जा रहा है * *ये साल हमेशा याद रहेगा ....* कहते है वक्त 


आलेख

समय जैसा भी हो गुजर ही जाता है , मगर अपने साथ कुछ ले जाता है तो कुछ छोंड़ जाता है जी हां मैं बात कर रही हूँ बीते हुए साल की जिसने हमे रुलाया भी और हंसाया भी या यूं कहें कि साल दो हजार बीस कई मामले मे ऐतिहासिक रहा कुछ मुख्य घटनाएँ जो देश और दुनिया की सूरत और सीरत दोनो बदल दी उनपर नजर डालते हैं । साल 2020 की शुरुआत सीएए और एनआरसी के विरोध के साथ हुई थी, लेकिन फरवरी आते-आते विरोध की आंच इतनी ज्यादा बढ़ गई कि दिल्ली इसकी चपेट में आकर झुलस गई। दरअसल, 23 फरवरी से 29 फरवरी तक दिल्ली के उत्तर पूर्वी हिस्से में दंगा होता रहा। इस दौरान 53 लोगों ने जान गंवाई,इस दौरान कड़ाके की ठंड के बीच शाहीन बाग में सैकड़ों महिलाएं सीएए और एनआरसी के विरोध में महीनों तक सड़क पर बैठी रहीं। कुछ विपक्षी पार्टियों के शासन वाले राज्यों ने तो सीएए के विरोध में विधानसभा से प्रस्ताव पारित करा कर नयी परम्परा शुरू की जिसके तहत संसद से पारित विधेयक के खिलाफ विधानसभा में प्रस्ताव पारित किया गया। नये साल की शुरुआत में देश को सेनाध्यक्ष के रूप में मनोज मुकुंद नरवणे मिले तो देश के पहले सीडीएस के रूप में बिपिन रावत की नियुक्ति हुई। जनवरी माह में ही डब्ल्यूएचओ ने वर्ष 2020 को नर्स और दाई वर्ष घोषित किया। तब किसे पता था कि वाकई यह वर्ष नर्सों और दाइयों एवं डॉकटर्स से अनवरत सेवा लेने वाला साल बन जाएगा दंगों की आंच से देश *उबरने* भी न पाया था कि पूरी दुनिया में खौफ का पर्याय बन चुके कोरोना वायरस ने भारत में भी अपना कहर बरपाना शुरू कर दिया। वैसे तो देश में कोरोना के मामले जनवरी 2020 के दौरान ही सामने आए थे, लेकिन 17 मार्च को कर्नाटक में पहली मौत दर्ज की गई। कोरोना के चंगुल से देश को बचाने के लिए 25 मार्च से 21 दिन का पूर्ण लॉकडाउन लगाया। उस दौरान ट्रेन, बस और हवाई जहाज के साथ-साथ आम जनजीवन भी थम गया। लेकिन इसी दौर में देश ने ऐसा दर्दनाक नजारा देखा, जो इससे पहले 1947 में भारत-पाकिस्तान विभाजन के दौरान ही नजर आया था। दरअसल,महानगरों में काम करने वाले हजारों लोग कोई भी साधन न होने पर पैदल ही अपने-अपने घर जाने लगे। उस दौरानकंही न कही शासन और प्रशासन की लापरवाही दिखी .................... .देश के इतिहास में 20 मार्च 2020 को इंसाफ की तारीख के रूप में हमेशा याद किया जाएगा। दरअसल, इसी दिन निर्भया के चारों दोषियों पवन, मुकेश, अक्षय और विनय को तिहाड़ के जेल नंबर तीन में फांसी के तख्ते पर लटकाया गया । साल 2020 के दौरान राजनीति की दुनिया में भी कई उलटफेर हुए। इनमें मध्यप्रदेश में कमलनाथ सरकार का गिरना और शिवराज सिंह का चौथी बार मुख्यमंत्री बनना भी शामिल है।मध्यप्रदेश में कांग्रेस सरकार अल्पमत में आ गई और कमलनाथ ने मुख्यमंत्री पद से 20 मार्च को इस्तीफा दे दिया। 23 मार्च को शिवराज सिंह ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। देश के पूर्वी हिस्से में अम्फान तूफान का कहर बरपा तो उत्तरी इलाकों पर पाकिस्तान से आई टिड्डियों ने हमला कर दिया। टिड्डियों के इन दलों ने राजस्थान, मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र समेत कई राज्यों में सैकड़ों एकड़ फसल बर्बाद कर दी।15-16 जून की रात लद्दाख बॉर्डर पर भारत और चीन के सैनिकों के बीच हिंसक झड़प हुई, जिसमें 20 भारतीय जवान शहीद हो गए। इस घटना में चीन के करीब 40 सैनिकों के मारे जाने की बात सामने आई, ऐसे में भारत ने चीन पर कड़े प्रतिबंध लगाए और करीब 100 चीनी ऐप्लिकेशन पर बैन लगा दिया। साथ ही, देश में चीन के सामान का विरोध भी शुरू हो गया, जिससे चीन को अब तक करोड़ों डॉलर का नुकसान हो चुका है। इसके बावजूद बॉर्डर पर हालात अभी तक सामान्य नहीं हो पाए हैं। साल 2020 बॉलीवुड के लिए बेहद खराब साबित हुआ। इस दौरान ऋषि कपूर और इरफान खान समेत बॉलीवुड के कई दिग्गज दुनिया को अलविदा कह गए, लेकिन सुशांत सिंह राजपूत की मौत पूरे देश में चर्चा का विषय बनी रही। डेविड स्टर्न अमेरिकी व्यवसाई नेशनल बास्केटबॉल एसोसिएशन के आयुक्त मस्तिष्क में रक्तस्त्राव से निधन ...देवी प्रसाद त्रिपाठी आयू 67 वर्ष भारतीय राजनेता राज्यसभा सांसद...कासिम सुलेमानी आयु 62 वर्ष ईरानी मेजर जनरल मेजर जनरल फ्रांस के प्रमुख बगदाद विमानक्षेत्र पर हवाई हमले से निधन..कुबूस बिन सईदअल सईद आयु (79 वर्ष) ओमान के सुल्तान कैंसर से मृत्यु ...अश्विनी कुमार चोपड़ा भारतीय राजनेता, लोकसभा सांसद राज नेता और वरिष्ठ पत्रकार कैंसर से निधन .. कृष्ण बलदेव वैद्य आधुनिक गद्द के वरिष्ठ भारतीय लेखक ...गिरी राजकिशोर भारत के वरिष्ठ हिंदी साहित्यकार पद्म श्री सम्मानित हृदय गति रुकने से निधन ...हंस राज भारतद्वाज भारतीय राजनीतिज्ञ कर्नाटक और केरल के राज्य पाल हृदय गति रुकने से निधन ...प्रदीप कुमार बनर्जी भारतीय फ़ुटबाल खिलाड़ी और प्रवन्धक हृदयाघात से निधन .. अशोक देसाई भारत के पूर्व अटार्नी जनरल और वरिष्ठ अधिवक्ता .... उषा गांगुली भारतीय रंगकर्मी और समाजसेवी रीड की हड्डी की लंबी बीमारी से निधन... इरफान खान भारतीय फिल्म अभिनेता बृहदान्त्र संक्रमण से निधन ...राहत इंदौरी उर्दू शायर गीतकार दिल के दौरे से निधन ... भारत रत्न से सम्मानित श्री प्रणब मुखर्जी भारत के 13वें राष्ट्रपति कोरोना से निधन ... जसवंत सिंह 82 वर्ष अटल बिहारी वाजपेई सरकार के केंद्रीय मंत्री रहे पिछले 6 साल से कोमा में थे दिल्ली के आर्मी अस्पताल में भर्ती कराया गया था सेप्सिस के साथ मल्टी ऑर्गन डिस्फंक्शन सिंड्रोम के इलाज के दौरान निधन हुआ.... तरुण गोगोई 84 वर्ष असम के पूर्व मुख्यमंत्री कोविड-19 और कई अंगों के काम ना करने के कारण गुवाहाटी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में 23 नवंबर को उनका निधन हो गया... अहमद पटेल 71वर्ष आयु पूर्व सांसद कोविद 19 के कारण 25 नबम्बर को मेदांता अस्पताल गुरुग्राम में निधन हुआ ....भवर लालमेघवाल कांग्रेस नेता 72 वर्ष मेदांता हॉस्पिटल गुरुग्राम में हुआ । इस वर्ष हमने तमाम तमाम हस्तियों को खोया जो अपूरणीय क्षति है जिसे पूरा नही किया जा सकता चीन से विवाद के बीच पाकिस्तान भी भारत को आंखें दिखाने लगा। ऐसे में 27 जुलाई को फ्रांस से पांच लड़ाकू विमान राफेल भारत पहुंचे, जिससे भारतीय वायु सेना की ताकत काफी बढ़ गई। इसके बाद चार नवंबर को तीन और राफेल भारत आए, जिसके बाद इनकी कुल संख्या आठ हो गई है । राम मंदिर के इतिहास में 5 अगस्त 2020 का दिन सुनहरे अक्षरों में दर्ज किया जाएगा । राममंदिर ही नहीं एक नए युग का भी है भूमिपूजन हुआ ।करोड़ो लोंगो के आस्था का केंद्र राम मंदिर और आस्था और आदर्श के प्रतिमान भगवान राम के भक्तों का संघर्ष पूर्ण होने जा रहा है ...राम मंदिर शिलान्यास के अवसर पर उत्तरप्रदेश के मुख्यमन्त्री श्री योगी आदित्यनाथ जी ने कहा बड़ी सकल आस्था के प्रतिमान रघुनंदन प्रभु श्रीराम की जन्मस्थली धर्मनगरी श्रीअयोध्या जी की पावन भूमि पर श्रीरामलला के भव्य और दिव्य मंदिर की स्थापना की प्रक्रिया गतिमान है। लगभग पांच शताब्दियों की भक्तपिपासु प्रतीक्षा, संघर्ष और तप के उपरांत कोटि-कोटि सनातनी बंधु-बांधवों के स्वप्न को साकार करते हुए पांच अगस्त को अभिजीत मुहूर्त में मध्याह्न बाद 12.30 से 12.40 के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा श्री रामलला के चिर अभिलाषित भव्य-दिव्य मंदिर की आधारशिला रखी जाएगी। यह अवसर उल्लास, आह्लाद, गौरव एवं आत्मसंतोष और करुणा का है। हम भाग्यशाली हैं कि प्रभु श्रीराम ने हमें इस ऐतिहासिक घटना के साक्षी होने का सकल आशीष प्रदान किया। भाव-विभोर कर देने वाली इस बेला की प्रतीक्षा में पांच शताब्दियां व्यतीत हो गईं। दर्जनों पीढ़ियां अपने आराध्य का मंदिर बनाने की अधूरी कामना लिए भावपूर्ण सजल नेत्रों के साथ ही इस धराधाम से परमधाम में लीन हो गईं, किंतु प्रतीक्षा और संघर्ष का क्रम सतत जारी रहा। अब वह शुभ घड़ी आ ही गई जब कोटि-कोटि सनातनी आस्थावानों के त्याग और तप की पूर्णाहुति होने जा रही है। मर्यादा के साक्षात प्रतिमान, पुरुषोतम, त्यागमयी आदर्शसिक्त चरित्र के नरेश्वर, अवधपुरी के प्राणप्रिय राजा श्रीराम अपने वनवास की पूर्णाहुति कर हमारे हृदयों के भावपूरित संकल्प स्वरूप सिंहासन पर विराजने जा रहे ..... साल के सुरुआत में सीएए-एनआरसी को लेकर विरोध झेलने वाली दिल्ली अब साल जाते-जाते किसानों के गुस्से का शिकार बन रही है। दरअसल, खेती-किसानी में सुधार के मकसद से मोदी सरकार ने तीन नए कृषि कानून तैयार किए, लेकिन किसान लगातार इसका विरोध कर रहे हैं। ऐसे में पंजाब समेत कई राज्यों के किसान इस वक्त दिल्ली की सीमाओं पर डटे हुए हैं और कृषि कानून वापस लेने की मांग कर रहे हैं। ये साल संघर्षों का साल रहा जिसने हमे एक ओर मृत्य का डर चिंता व्याकुलता भय पैदा किया वही हमें विपदाओं से लड़ना सिखाया .. दुःख में सुख खोज लेना, हानि में लाभ खोज लेना, प्रतिकूलताओं में भी अवसर खोज लेना इस सबको सकारात्मक दृष्टिकोण कहा जाता है। जीवन का ऐसा कोई बड़े से बड़ा दुःख नहीं जिससे सुख की परछाईयों को ना देखा जा सके। जिन्दगी की ऐसी कोई बाधा नहीं जिससे कुछ प्रेरणा ना ली जा सके। रास्ते में पड़े हुए पत्थर को आप मार्ग की बाधा भी मान सकते हैं और चाहें तो उस पत्थर को सीढ़ी बनाकर ऊपर भी चढ़ सकते है। जीवन का आनन्द वही लोग उठा पाते हैं जिनका सोचने का ढंग सकारात्मक होता है। इस दुनिया में ज्यादा लोग इसलिए दुखी नहीं कि उन्हें किसी चीज की कमीं है अपितु इसलिए दुखी हैं कि उनके सोचने का ढंग नकारात्मक है। सकारात्मक सोचो, सकारात्मक देखो। इससे आपको अभाव में भी जीने का आनन्द आ जायेगा। जीवन एक महोत्सव है, इसे प्रत्येक पल उत्सव की तरह जीएँ और सुंदर जीवन के लिए प्रभु का आभार व्यक्त करें। आने वाला वर्ष सभी के लिए सुख ,समृद्धि ,यस कीर्ति आरोग्य लेके आए ...जो संकट के बादल विश्व मे छाया हुआ है वो जल्द ही छट जाए हमारा भारत देश विश्व गुरु कहलाए समस्त संसार मे मानवता हो अमन और शांति हो यही कामना है ईश्वर से .... 


 *भावना द्विवेदी साहित्यसेविका*

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